सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

भोलेनाथ धरती पर आठ रूपों में विराजमान है : सन्नी तिवारी शास्त्री

प्रिया बिष्ट

लोकल न्यूज ऑफ इंडिया 



देवाधिदेव महादेव यानि भगवान शिव। लेकिन क्या आप जानते हैं कि भगवान शिव का महादेव केवल एक रूप है। धरती पर भगवान शिव के अन्य सात रूप और विराजमान है। हिंदू धर्म की मान्यता के अनुसार भगवान शिव के आठ रुप है, जो इस प्रकार से है- शर्व, भव, रुद्र, उग्र, भीम, पशुपति, ईशान और महादेव। चलिए मूर्तियों के इन आठ रूपों के बारे में जानते हैं, विस्तार से...

01. शर्व (क्षितिमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है कि पूरे जगत को धारण करने वाली मूर्ति, यानि 'पृथ्वीमयी मूर्ति' के स्वामी शर्व है। शर्व का अर्थ है भक्तों के सारे कष्टों को हरने वाला।

02. भीम (आकाशमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ आकाश रूपी मूर्ति जो बुरे और तामसी गुणों का नाश कर पूरे संसार को राहत देने वाली देते है। इसके स्वामी भीम है। भीम नाम का अर्थ भयंकर रूप वाले भी हैं, जो उनके भस्म से लिपटी देह, जटाजूट धारी, नागों के हार पहनने से लेकर बाघ की खाल धारण करने या आसन पर बैठने सहित कई तरह से उजागर होता है। इसलिए ये रुप भैमी नाम से भी प्रसिद्ध है।

 03. उग्र (वायुमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है वायु यानी इस रूप में प्रभु पूरे जगत को गति देते हैं और पालन-पोषण भी करते हैं। इसके स्वामी उग्र है, इसलिए यह मूर्ति औग्री के नाम से भी  जानी जाती है। उग्र नाम का मतलब बहुत ज्यादा उग्र बताया गया है। शिव के तांडव नृत्य में उग्र शक्ति स्वरूप उजागर होता है।

04. भव (जलमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है कि जल से युक्त मूर्ति पूरे जगत को प्राणशक्ति और जीवन देने वाली है। भव यानि जल। शास्त्रों में भी भव नाम का मतलब पूरे संसार के रूप में ही प्रकट होने वाले देवता बताया गया है।

05. पशुपति (यजमानमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है यजमान मूर्ति, यानि भगवान शिव का  यह रूप सभी पशुवत वृत्तियों का नाश और उससे मुक्त करने वाली होती है। पशुपति का अर्थ है पशुओं के स्वामी, जो संसार के पशुओं की  रक्षा व पालन करते हैं। यह सभी आंखो में बसी होकर सभी आत्माओं की नियंत्रक भी मानी गई है।

06. रुद्र (अग्निमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है कि पूरे जगत के अंदर और बाहर फैली समस्त ऊर्जा व गतिविधियों में स्थित है। भगवान की इस की यह मूर्ति बहुत ही ओजस्वी है। इसके स्वामी रूद्र है। इसलिए यह रौद्री नाम से भी जानी जाती है। रुद्र नाम का अर्थ भयानक भी बताया गया है। इस रूप में भगवान शिव तामसी व दुष्ट प्रवृत्तियों पर नियंत्रण रखते हैं।07. ईशान (सूर्यमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है सूर्य जगत की आत्मा जो जगत को प्रकाश करता है। शिव की यह दिव्य मूर्ति ईशान कहलाती है। ईशान रूप में शिव ज्ञान व विवेक देने वाले बताए गए हैं।08. महादेव (चंद्रमूर्ति)- भगवान शिव के इस रूप का अर्थ है देवों के देव महादेव होता है। चन्द्र रूप में भगवान शिव की यह साक्षात मूर्ति मानी गई है। चन्द्र किरणों को अमृत के समान माना गया है। चन्द्र रूप में शिव की यह मूर्ति महादेव के रूप में प्रसिद्ध है। यानी सारे देवताओं में सबसे विलक्षण स्वरूप व शक्तियों के स्वामी शिव ही हैं।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

जीत कर भी कट्टर भाजपाइयों के घर मे निपट गयी भाजपा।एकमात्र मंडल अध्यक्ष योगेश भार्गव ने रखी थोड़ी लाज।

लोकेन्द्र सिंह वैदिक  लोकल न्यूज़ ऑफ इंडिया आनी:- मंडी संसदीय क्षेत्र से कँगना राणौत  लोक निर्माण विभाग मंत्री विक्रमादित्य सिंह को हराकर संसद में पहुँच चुकी है।मंडी संसदीय क्षेत्र से आनी के विधायक लोकेन्द्र कुमार को छोड़कर सभी भाजपा के विधायक अपनी अपनी विधानसभा से कँगना राणौत को बढ़त दिलवाने में कामयाब रहे।अगर आनी विधानसभा की बात करें तो विक्रमादित्य सिंह को 8328 मतों की बढ़त मिली है।यहां तक कि विधायक लोकेंद्र कुमार की अपने बूथ पर भाजपा की दुर्गति है।विधायक के अपने बूथ आनी-2 पर कांग्रेस को बढ़त है।जहाँ पर कँगना राणौत को 186 मत व विक्रमादित्य सिंह को 298 मत मिले हैं।जहां से कांग्रेस को 112 मतों की बढ़त मिली है।अगर विधायक की पत्नी सुषमा देवी की बात करें जो खनी बटाला से पंचायत समिति सदस्या है।यहां पर भी सभी बूथों पर भाजपा के खस्ताहाल है।इनके अपने बूथ खुन्न में कँगना राणौत को 299 मत मिले जबकि विक्रमादित्य को 491 मत पड़े।इस बूथ से कांग्रेस को 192 मतों की बढ़त है।अब बात करते हैं पंचायतीराज प्रकोष्ठ हिमाचल प्रदेश अध्यक्ष व लोक सभा चुनाव प्रभारी अमर ठाकुर की को जो पूर्व में ए पी एम सी कुल्लु...

बादशाहपुर में फहरेगी भाजपा की विजय पताका: राव नरबीर सिंह

सुमित ठाकुर  लोकल न्यूज ऑफ इंडिया  पूर्व कैबिनेट मंत्री ने कार्यकर्ताओं को प्रचार में जुट जाने का दिया संदेश, शीघ्र होगी गृहमंत्री अमित शाह की रैलीगुरुग्राम। पूर्व कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि बादशाहपुर विधानसभा में निश्चित तौर पर भाजपा की विजय पताका फहरेगी। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने एक बार फिर से उनको अपना उम्मीदवार बनाया है। बादशाहपुर की जनता जानती है कि 2014 से 2019 तक उन्होंने मंत्री रहते हुए किस तरह से गुरुग्राम में दो दर्जन के लगभग फ्लाइओवर और अंडरपास बनवाए थे। देश का सबसे महंगा रोड द्वारका एक्सप्रेस वे बनवाने का काम भी उस दौरान किया गया था। राव नरबीर सिंह ने कहा कि वह वादा करते हैं कि जितना विकास कार्य पिछले कार्यकाल में कराया था उससे अधिक रफ्तार से काम इस बार कराया जाएगा। राव नरबीर सिंह शुक्रवार को गढ़ी मुरलीपुर, नखडौला और वजीराबाद गांव में आयोजित जनसभाओं को संबोधित कर रहे थे।अपने लोगों के बीच अधिकार से आया हूंराव नरबीर सिंह ने कहा कि भाजपा ने उनपर विश्वास इसलिए जताया है क्योंकि पार्टी को बादशाहपुर की जनता पर विश्वास है कि वह निश्चित तौर पर चुनाव...

ग्रीन पेटल्स ट्रस्ट द्वारा सरस्वती कॉलेज ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज गाजियाबाद में कैरियर काउंसलिंग सत्र का आयोजन

पं विनय शर्मा      लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया  गाजियाबाद। ग्रीन पेटल्स ट्रस्ट द्वारा गाजियाबाद के सरस्वती कॉलेज ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज के वाणिज्य विभाग के सभी छात्रों के लिए  "कॉमर्स स्नातकों के लिए करियर विकल्प" विषय पर छात्र कार्यशाला का आयोजन किया गया। प्राचार्य प्रोफेसर (डॉ) एस कुमार और कॉलेज प्रबंधन समिति के सचिव श्री निर्मल सिंह ने अतिथि वक्ता श्री एसपी वर्मा, निदेशक (प्रशिक्षण एवं नवाचार) ग्रीन पेटल्स ट्रस्ट का स्वागत हरा पौधा देकर किया। श्री वर्मा का स्वागत करते हुए, श्री निर्मल सिंह ने कहा, "हम अपने कॉलेज में प्रसिद्ध और अनुभवी कैरियर योजनाकार और शिक्षाविद का स्वागत करते हैं। श्री एसपी वर्मा ने दो लाख से अधिक छात्रों को परामर्श दिया है। उन्होंने हजारों शिक्षकों को भी प्रशिक्षित किया है।" श्री एसपी वर्मा ने "वाणिज्य स्नातकों के लिए कैरियर विकल्प" विषय पर विस्तार से बात की। उन्होंने स्मार्ट लक्ष्य निर्धारण की आवश्यकता और महत्व पर प्रकाश डाला और कहा, "वाणिज्य स्नातकों के लिए कैरियर विकल्पों की एक अच्छी संख्या है। लेकिन प्रत्येक छात्र को दीर्घकालिक और ...